मंदिर माला मिशन के तहत होगा धार्मिक स्थल का विकास और सौंदर्यीकरण, कैबिनेट मंत्री राम सिंह कैड़ा की पहल पर मिली वित्तीय स्वीकृति
भीमताल/ओखलकांडा। नैनीताल जिले के ओखलकांडा क्षेत्र स्थित पशुपतिनाथ मंदिर कौड़ार के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। मंदिर के विकास और सौंदर्यीकरण के लिए 98 लाख रुपये की वित्तीय स्वीकृति दी गई है। इस राशि में से पहली किस्त के रूप में 59 लाख रुपये संबंधित विभाग को जारी किए जाने की जानकारी दी गई है।
भीमताल विधानसभा क्षेत्र के इस धार्मिक स्थल को मुख्यमंत्री घोषणा के अंतर्गत मंदिर माला मिशन योजना में शामिल किया गया है। कैबिनेट मंत्री एवं भीमताल विधायक राम सिंह कैड़ा ने मंदिर के विकास के लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने की मांग उठाई थी।
मंदिर परिसर में विकसित होंगी सुविधाएं
पशुपतिनाथ मंदिर कौड़ार स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं की आस्था का प्रमुख केंद्र है। यहां विकास कार्य होने से मंदिर परिसर की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने और श्रद्धालुओं के लिए जरूरी सुविधाएं विकसित करने में मदद मिलने की उम्मीद है।
स्वीकृत बजट के तहत प्रस्तावित निर्माण और सौंदर्यीकरण कार्यों से मंदिर परिसर के बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जा सकेगा। इससे यहां आने वाले श्रद्धालुओं को अधिक सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
धार्मिक पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
पशुपतिनाथ मंदिर का विकास होने से ओखलकांडा और आसपास के क्षेत्रों में धार्मिक पर्यटन को भी प्रोत्साहन मिलने की संभावना है। मंदिर में सुविधाएं बेहतर होने से श्रद्धालुओं की आवाजाही बढ़ सकती है, जिसका लाभ स्थानीय कारोबार और क्षेत्र की पर्यटन गतिविधियों को मिल सकता है।
मंत्री राम सिंह कैड़ा के अनुसार, क्षेत्र के धार्मिक स्थलों का विकास प्राथमिकताओं में शामिल है। मंदिर माला मिशन के माध्यम से धार्मिक महत्व वाले स्थलों पर आवश्यक सुविधाएं विकसित करने और पर्यटन की संभावनाओं को आगे बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है।
वित्तीय स्वीकृति पर क्षेत्र में खुशी
मंदिर के विकास के लिए बजट स्वीकृत होने की जानकारी से क्षेत्र के लोगों में खुशी का माहौल है। स्थानीय नागरिकों और धार्मिक संगठनों ने इस पहल का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई है कि प्रस्तावित कार्य जल्द शुरू होंगे और मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी।
अब क्षेत्रवासियों की नजर विकास कार्यों की शुरुआत और उन्हें समय पर पूरा किए जाने पर रहेगी। यदि प्रस्तावित कार्य निर्धारित योजना के अनुसार पूरे होते हैं, तो पशुपतिनाथ मंदिर कौड़ार क्षेत्र के प्रमुख धार्मिक पर्यटन स्थलों में अपनी सुविधाओं और पहचान को और मजबूत कर सकेगा।








